घर में अक्सर माता-पिता अपने बच्चों को सिखाते हैं कि गाली देना या फिर किसी बड़े से अभद्र भाषा का प्रयोग करके संबोधित करना गलत बात है। भारत में गाली देना संस्कारों की खाना-पूर्ति करता है, लेकिन आपको अक्सर गाली देकर सुकून मिलता है तो परेशान होने वाली कोई बात नहीं है। पिछले दिनों हुए एक शोध में इस बात का खुलासा हुआ है कि गाली देने से ना सिर्फ आपके दिल का सुकून मिलता है बल्कि आपका स्वास्थ्य भी बेहतर बनता है।
कीन यूनिवर्सिटी में हुई एक स्टडी में ये बात निकलकर सामने आई कि गाली देने से दिल को सुकून मिलता है। ऐसा करने से परेशानियों से लड़ने की क्षमता में पहले की तुलना में काफी इजाफा होता है। यूनिवर्सिटी में हुए इस शोध में कुछ विद्यार्थियों के हाथों को अत्यधिक ठंडे पानी में डाला गया। इस प्रक्रिया के दौरान जो छात्र गाली दे रहे थे वो ज्यादा देर तक पानी में हाथ रखने में सफल रहे। वहीं दूसरी तरफ जो छात्र गाली नहीं दे रहे थे या कम गाली दे रहे थे, उन्होंने थोड़ी ही देर में पानी से हाथ बाहर निकाल लिए।
इस स्टडी से पता चला कि चिल्लाने और गलत शब्दों का इस्तेमाल करने से एड्रेनालाईन नाम का एक हार्मोन दिमाग में रिलीज होता है। जो व्यक्ति को परेशानी और दर्द झेलने की ताकत ज्यादा देता है। शोध में पाया गया कि गाली देने के बाद लोगों को दिमाग पहले से ज्यादा काम करता है।