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बच्चों को खाना खिलाने के अचूक तरीके

बच्चों को खाना खिलाने के अचूक तरीके
Photo : Tanaphong Toochinda
बच्चों को खाना खिलाना किसी महाभारत के युद्ध से कम नहीं होती। पूरा दिन इनके पीछे दौड़ना और साथ में घर -परिवार। शत् शत् नमन है हमारी माँओं को जिन्होंने भरे पूरे परिवार की जिम्मेदारिओं के साथ हम जैसे मॉन्सटर्स को पाला।
दरसल हर बच्चे की खाने पीने की आदते एक दूसरे से अलग होती है। कुछ बच्चे सब कुछ खा – पी लेते हैं। एक वो जो सिर्फ अपनी पसंद का ही खाना – पीना पसंद करते हैं। चलो ये भी कोई नहीं कम से कम खाते तो हैं पर तीसरे टाइप के बच्चों का क्या जो कुछ खाना ही नहीं चाहते ।
चलिए जानते हैं कुछ शानदार टिप्स बच्चों को खाना खिलाने के लिए  
5 साल से कम उम्र के बच्चों को अगर आप खिलाना चाहती हैं तो सबसे पहले खाने से कम से कम 30-45 मिनट पहले पानी, दूध या कोई लिक्विड न दे।
बच्चों को टाइनी मील दें। मतलब थोड़ा थोड़ा खाने के लिए दें। एक साथ बहुत ज़्यादा खाने के लिए उस पर प्रेशर मत डालिये।
बच्चों को खाने – पीने में वेराइटी दें। बार बार एक ही तरह का खाना उसके सामने मत परोसें। जैसे हम रोज़ रोज़ एक जैसा खाना नहीं खा सकते वैसे ही वो भी नहीं खा सकते।
खाना खिलाते वक़्त कोशिश करें वो पानी न पिए। इसलिए छोटा – छोटा चम्मच करके खाना खिलाएं।
बच्चों को खाना परोसते वक़्त सबसे ज़्यादा ध्यान खाने की प्रेजेंटेशन पर दे। क्योंकि जब तक खाना टेम्पटिंग और अट्रेक्टिव नहीं दिखेगा बच्चा खाना नहीं खायेगा। या मन मार कर खायेगा।
बच्चों को कलरफुल चीज़ें बहुत पसंद होती है इसलिए उसे कोई एक फ्रूट काट कर खाने के लिए देने की जगह अलग अलग रंग के तीन से चार फ्रूट्स का सलाद बनाकर दें। सलाद को खूबसूरत दिखाने के लिए उन्हें अलग अलग शेप और डिज़ाइन में भी काट सकती हैं।
खुद डॉक्टेरस भी मानते हैं की बच्चों को 500 एम एल से ज़्यादा मिल्क एक दिन में नहीं देना चाहिए।
मुझे लगता है की आज कल के बच्चों को हम जंक फ़ूड से तो दूर नहीं रख सकते पर घर में उसी तरह के खाना बनाकर ज़रूर खीला सकते हैं। इससे हाइजीन भी मेंटेन हो जाता है और आप अपने हिसाब से नुट्रिशन का भी ख्याल रख सकती हैं।
इन तरीको को आप भी ट्राई करके देखिएगा और अपना एक्सपेरिंस शेयर करना मत भूलियेगा। हमारे फीडबैक बॉक्स में।
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Editor-in-Chief and Founder of CityWomenMagazine.in