
वीर-जारा, भाग मिल्खा भाग और रागिनी एमएमएस 2 जैसी फिल्मों में दमदार अभिनय से लोगों के दिलों में जगह बनाने वाली मशहूर अदाकारा दिव्या दत्ता आज अपना 44वां जन्मदिन (Divya Dutta Birthday) मना रही हैं। दिव्या ने फैन्स उन्हें सोशल मीडिया पर जन्मदिन की बधाई दे रहे हैं। बॉलीवुड में अक्सर देखा जाता है कि ज्यादातर लीड एक्टर्स को ही तवज्जों दी जाती है, लेकिन दिव्या ने साइड रोल में अपने दमदार अभिनय का प्रदर्शन किया है। दिव्या इंडस्ट्री में एक ऐसी एक्ट्रेस हैं जिनकी अदाकारी को देखने के लिए दर्शक हमेशा दीवाने रहते हैं। दिव्या की एक्टिंग का जलवा कितना दमदार है इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जाता है कि वो कई बार लीड एक्टर की तुलना में ज्यादा फीस लेती हैं। दिव्या सिर्फ हिंदी सिनेमा नहीं बल्कि पंजाबी, अंग्रेजी, तेलुगू, तमिल और मलयालम फिल्मों में अपने अभिनय का लोहा मनवा चुकी हैं।
दिव्या दत्ता का जन्म 25 सितंबर 1977 को पंजाब के लुधियाना में हुआ था। जब दिव्या महज 7 साल की थी तभी उनके पिता जी का देहांत हो गया था। उनकी मां का नाम नलिनी दत्ता जो एक सरकारी कर्मचारी होने के साथ-साथ डॉक्टर भी हैं। पिता की मृत्यु के बाद नलिनी ने अकेले दत्ता और उनके भाई का लालन-पालन किया। दिव्या कई मौकों पर इस बात को स्वीकार कर चुकी हैं कि उनकी एक्टिंग में मां नलिनी दत्ता की अहम भूमिका है। दिव्या ने एक इंटरव्यू में कहा था कि, उन्होंने फिल्म गिप्पी में सिंगल मदर का रोल करने के लिए अपनी मां नलिनी से ही इंस्पिरेशन ली थी।
दिव्या एक मेडिकल फैमिली बैकग्राउंड से आती हैं, लेकिन बचपन से ही वो कुछ अलग करना चाहती थीं। उन्हें बचपन से ही एक्टिंग का शौक था। मुंबई आने से पहले दत्ता ने अपने होम-स्टेट में मॉडलिंग की शुरुआत की, कई ऐड्स भी किए और बाद में मुंबई का रूख किया। एक वक्त तक स्ट्रगल करने के बाद दत्ता ने बॉलीवुड करियर की शुरुआत 1994 में फिल्म इश्क में जीना इश्क में मरना से की। दत्ता को 1995 में अपने करियर की पहली बतौर लीड फिल्म सलमान खान के अपोजिट वीरगति मिली थी, हालांकि ये फिल्म फ्लॉप हो गई। दिव्या को बॉलीवुड में असल पहचान साल 2004 में यशराज फिल्म्स की फिल्म वीरजारा से मिली। इस फिल्म में शाहरुख़ खान, प्रीती जिंटा, रानी मुखर्जी जैसे स्टार्स के होने के बावजूद दिव्या सपोर्टिंग रोल में फिल्म क्रिटिक्स का ध्यान अपनी तरफ खींचने में कामयाब रहीं और उन्हें खूब तारीफ मिली।
बॉलीवुड में अपने कदम जमाने के बाद दिव्या ने इंटरनेशनल डेब्यू फिल्म द लास्ट ईयर से किया। इस फिल्म में उनके अलावा मेगास्टार अमिताभ बच्चन, प्रीती जिंटा, अर्जुन रामपाल नजर आये थे। इस फिल्म में दिव्या ने एक नर्स की भूमिका अदा की थी। फिल्म की स्क्रीनिंग टोरंटो फिल्म फेस्टिवल में हुई थीं। फिल्म द लास्ट ईयर में भी दिव्या की एक्टिंग के लिए उन्हें खूब सराहा गया था।
दिव्या अब तक जी सिने अवॉर्ड, आईफा अवॉर्ड सहित अन्य कई अवॉर्ड जीत चुकी हैं, लेकिन वो अपनी लाइफ में एक अवॉर्ड को खास मानती हैं। 2018 में फिल्म मंटों में सपोर्टिंग रोल के लिए दिव्या को राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार मिला था। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से सम्मानित होने के बाद दिव्या ने कहा था कि हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में 25 साल गुजारने के बाद पीछे मुड़कर देखती हूं तो बस एक ही ख्याल मन में आता है कि लोग मेरे साथ अब भी काम करना चाहते हैं और ये एहसास ही सबसे बड़ा एहसास है। लोग मेरे पास आकर जब कहते हैं कि ये किरदार आपको ही ध्यान में रखकर लिखा गया है, तो वही इस इंडस्ट्री में मेरी पहचान है। और, तब मेरा सिर इस इंडस्ट्री के लिए और ईश्वर के लिए आभार में झुक जाता है।
बात अगर दिव्या की पर्सनल लाइफ की करें तो 2005 में फ़िल्मी गलियारों में उनका नाम लेफ्टिनेंट कमांडर संदीप शेरिगल के साथ जोड़ा जाता था। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार दिव्या दत्ता ने लेफ्टिनेंट कमांडर संदीप शेरगिल से सगाई की थी, लेकिन जल्द ही ये टूट गई थी। इसके बाद से उन्होंने शादी को लेकर कुछ नहीं सोचा। 44 साल की होकर भी वह आज तक कुंवारी हैं।
दिव्या एक रियल लाइफ इंस्पीरेशन हैं उन लोगों के लिए जो कहते हैं कि बॉलीवुड में पहचान बनाने के लिए आपको मुख्य भूमिका में आना जरूरी है।










